केरल CM बने वीडी केरल विधानसभा चुनाव 2026 में UDF की भारी जीत के बाद कांग्रेस में 10-11 दिनों तक चली सस्पेंस की कहानी आखिरकार खत्म हो गई। कांग्रेस हाई कमान ने वीडी सतीशन (VD Satheesan) को केरल का नया मुख्यमंत्री चुन लिया। राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, प्रियंका गांधी और सहयोगी दलों के समर्थन ने उन्हें यह पद दिलाया। यह फैसला देर रात की बैठकें, पब्लिक सेंटिमेंट और गठबंधन की मजबूत लॉबिंग का नतीजा है।

#केरल CM बने वीडी पूरा मामला: कैसे बना सतीशन CM?
UDF ने 4 मई 2026 को केरल चुनाव में 140 में से 102 सीटें जीतकर LDF सरकार को सत्ता से बाहर कर दिया। इसके बाद कांग्रेस में तीन बड़े दावेदार उभरे – वीडी सतीशन, केसी वेणुगोपाल और रमेश चेन्निथला।
- केसी वेणुगोपाल को सबसे ज्यादा MLAs का समर्थन था और वे राहुल गांधी के करीबी माने जाते थे।
- लेकिन सहयोगी दल IUML (22 सीटें), RSP और केरल कांग्रेस ने सतीशन का साथ दिया।
- सड़कों पर प्रदर्शन, सोशल मीडिया कैंपेन और ईमेल्स ने “पब्लिक सेंटिमेंट” को हाईलाइट किया।
9-10 दिनों तक चली लॉबिंग के बाद राहुल गांधी ने फैसला लिया। 14 मई को आधिकारिक घोषणा हुई।
देर रात की मीटिंग्स और फैसले की कहानी
- मंगलवार को राहुल गांधी ने कई पूर्व KPCC चीफ्स और सीनियर लीडर्स से मुलाकात की।
- रात 10 बजे V M सुधीरन (सतीशन के समर्थक) ने राहुल से मुलाकात की और पब्लिक सेंटिमेंट पर जोर दिया।
- बुधवार को राहुल-खड़गे की बैठक में फैसला पक्का हुआ।
- गुरुवार सुबह राहुल ने वेणुगोपाल को बुलाकर “डिसीजन मेकिंग प्रोसेस” समझाया।
- दोपहर 12 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस में अजय माकन, दीपा दासमुंशी, मुकुल वासनिक और जयराम रamesh ने सतीशन के नाम की घोषणा की।
यह फैसला कांग्रेस की “जनरेशनल चेंज” की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
वीडी सतीशन कौन हैं?
- परावर से 6 बार के विधायक।
- विपक्ष के नेता के रूप में UDF की वापसी के चेहरे।
- ग्रासरूट लीडर, साफ-सुथरी छवि और मजबूत संगठनात्मक क्षमता।
- LDF सरकार के खिलाफ आक्रामक अभियान चलाया।
सतीशन ने कहा है कि वे “नया केरल” (New Keralam) बनाएंगे। शपथ ग्रहण 18 मई को प्रस्तावित है।
सहयोगी दलों की भूमिका निर्णायक
IUML, RSP और केरल कांग्रेस ने MLAs के समर्थन को अकेले मानदंड मानने से इनकार किया। उन्होंने राहुल और प्रियंका को वायनाड (प्रियंका की सीट) के संदर्भ में भी ईमेल भेजे। सहयोगियों का दबाव सतीशन के पक्ष में गया।
केसी वेणुगोपाल को बाद में सतीशन का समर्थन करते हुए कहा कि कांग्रेस पूरी तरह एकजुट है। रमेश चेन्निथला को “कॉम्प्रोमाइज” कैंडिडेट माना जा रहा था, लेकिन हाई कमान ने जनरेशनल चेंज चुना।
केरल राजनीति पर असर
- LDF की 10 साल की सरकार के बाद UDF की वापसी।
- BJP ने कांग्रेस की “कन्फ्यूजन” पर तंज कसा था।
- अब सतीशन को कैबिनेट गठन, आर्थिक सुधार, बेरोजगारी और कर्ज कम करने की चुनौती का सामना करना होगा।
- UDF की मॉडल कोएलिशन पॉलिटिक्स पूरे देश के लिए उदाहरण बनेगी।
आगे क्या?
सतीशन सरकार केरल को नंबर 1 राज्य बनाने का वादा कर चुके हैं। विकास, रोजगार और सुशासन पर फोकस रहने वाला है। कांग्रेस की यह सफलता 2026 के बाद की राष्ट्रीय राजनीति को भी प्रभावित कर सकती है।
वीडी सतीशन का CM बनना देर रात की बातचीत, सहयोगियों के समर्थन और पब्लिक दबाव का नतीजा है। यह कांग्रेस में लोकतांत्रिक प्रक्रिया और गठबंधन की मजबूती का प्रतीक है। केरलवासी अब नई सरकार से बड़ी उम्मीदें लगाए बैठे हैं।









