महाकुंभ 2026 : प्रयागराज में शुरू हो चुका है और यह धार्मिक उत्सव दुनिया का सबसे बड़ा मेला माना जाता है। 13 जनवरी 2025 से शुरू हुए इस महाकुंभ में 40 करोड़ से अधिक श्रद्धालु त्रिवेणी संगम में स्नान करने आएंगे। 45 दिनों तक चलने वाले इस मेले के कारण हवाई यात्रा की मांग बहुत बढ़ गई है। इसलिए एविएशन कंपनियां प्रयागराज एयरपोर्ट के लिए अतिरिक्त उड़ानें जोड़ रही हैं, जिससे 23 शहरों से सीधी कनेक्टिविटी उपलब्ध हो गई है।
महाकुंभ 2026 प्रयागराज एयरपोर्ट पर बढ़ी उड़ानें – लेटेस्ट अपडेट (जनवरी 2026)
#महाकुंभ 2025 के दौरान प्रयागराज एयरपोर्ट (कुंभ नगरी एयरपोर्ट) ने बड़ा बदलाव देखा है। Cirium डेटा के अनुसार:
- दिसंबर 2024 में कुल 117 उड़ानें संचालित हुईं।
- फरवरी 2025 की शुरुआत में उड़ानें लगभग दोगुनी (लगभग 234) हो गईं।
- जनवरी 2025 में 81 अतिरिक्त नई फ्लाइट्स शेड्यूल में जोड़ी गईं।
- कुल 132 फ्लाइट्स मासिक संचालित हो रही हैं, जिसमें लगभग 80,000 सीट्स उपलब्ध हैं।
- डायरेक्ट कनेक्टिविटी अब 17 शहरों से (दिसंबर 2024 में सिर्फ 8 थे), और कनेक्टिंग सहित 26 शहरों तक पहुंच गई है, जैसे श्रीनगर और विशाखापत्तनम।

यह प्रयागराज एयरपोर्ट के लिए 106 साल में सबसे बड़ा अपग्रेड है। एयरपोर्ट इंडियन एयर फोर्स द्वारा नियंत्रित है, लेकिन पिछले 12 साल में क्षमता दोगुनी हो चुकी है। सरकार ने टर्मिनल एरिया बढ़ाया (6,700 sq.m से 25,500 sq.m), चेक-इन काउंटर 8 से 42, पार्किंग 200 से 600, और नाइट फ्लाइट्स शुरू की गईं।
प्रमुख एयरलाइंस और उनकी सेवाएं!
कई एयरलाइंस ने महाकुंभ के लिए स्पेशल फ्लाइट्स शुरू की हैं:
- इंडिगो: सबसे ज्यादा बढ़ोतरी – साप्ताहिक 42 उड़ानें, 7 से 10 शहरों तक कनेक्टिविटी
- (अहमदाबाद, कोलकाता, जयपुर नए जोड़े गए)। कुल 900 फ्लाइट्स (नॉर्मल 490 से ज्यादा), 1.65 लाख+ सीट्स।
- स्पाइसजेट: दिल्ली, जयपुर, अहमदाबाद, मुंबई, बेंगलुरु से रोजाना फ्लाइट्स
- साप्ताहिक 35 उड़ानें, 5,558 सीट्स। फरवरी में चेन्नई, गुवाहाटी, हैदराबाद आदि जोड़कर 43,000+ सीट्स।
- एलाइंस एयर: सरकारी कंपनी, 9 शहरों से कनेक्ट (दिल्ली के अलावा भुवनेश्वर, गुवाहाटी, चंडीगढ़, जयपुर, देहरादून); साप्ताहिक 26 उड़ानें, 1,666 सीट्स।
- अकासा एयर: अहमदाबाद और बेंगलुरु से डायरेक्ट (कुछ दिन), साप्ताहिक 14 उड़ानें, 2,613 सीट्स; फरवरी में 4,000+ सीट्स अतिरिक्त।
- एयर इंडिया: दिल्ली से डेली फ्लाइट्स (25 जनवरी से 28 फरवरी तक), सत्विक भोजन के साथ।
महाकुंभ के लिए फ्लाइट्स बढ़ाने के कारण
- 40 करोड़+ श्रद्धालु की उम्मीद, जिसमें 1.5 मिलियन अंतरराष्ट्रीय पर्यटक।
- जनवरी-मार्च क्वार्टर पहले परीक्षाओं के कारण कमजोर रहता था, लेकिन महाकुंभ से एविएशन कंपनियों को बड़ा लाभ।
- पिछले महाकुंभ (2014) में स्पाइसजेट ने अच्छा मुनाफा कमाया था।
- DGCA और सिविल एविएशन मिनिस्टर राम मोहन नायडू के निर्देश पर एयरफेयर कंट्रोल करने के लिए
- कैपेसिटी बढ़ाई गई, जिससे किराए 50% तक कम हुए (दिल्ली-प्रयागराज अब औसत ₹10,000)।
श्रद्धालुओं के लिए फायदा
- हवाई यात्रा अब पहले से ज्यादा आसान और सस्ती हो गई है। एयरपोर्ट पर मेडिकल सुविधाएं
- एम्बुलेंस, फूलों से स्वागत, चाइल्ड केयर रूम, लाउंज और UDAN यात्री कैफे जैसी सुविधाएं हैं।
- नाइट फ्लाइट्स से 24/7 कनेक्टिविटी मिल रही है।
महाकुंभ 2025 न सिर्फ आस्था का केंद्र है, बल्कि ट्रैवल और एविएशन सेक्टर के लिए भी बड़ा अवसर। अगर आप जा रहे हैं तो जल्दी बुकिंग करें और अपडेट चेक करते रहें!












