अदालतों की सुरक्षा दिल्ली के चार कोर्ट परिसर और दो CRPF स्कूलों को जैश-ए-मोहम्मद के नाम से भेजे गए बम धमकी भरे ईमेल के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं। पुलिस ने संबंधित इलाकों को खाली कर व्यापक जांच शुरू कर दी है।
अदालतों की सुरक्षा जैश-ए-मोहम्मद के नाम पर मिली धमकी, दिल्ली के कोर्ट और CRPF स्कूलों की सुरक्षा बढ़ाई गई
दिल्ली में चार कोर्ट परिसर—पटियाला हाउस, साकेत, रोहिणी और तीस हजारी—और दो CRPF स्कूल—द्वारका और प्रशांत विहार को जैश-ए-मोहम्मद के नाम से भेजे गए बम धमकी भरे ईमेल मिले हैं। इस गंभीर धमकी के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं और संबंधित इलाकों को खाली कर व्यापक सुरक्षा और तलाशी अभियान शुरू कर दिया गया है। पुलिस और आतंकवाद विरोधी संगठन इस मामले की गहनता से जांच कर रहे हैं और धमकी के पीछे के स्रोत की पहचान का प्रयास जारी है।
घटना का विवरण

जैश-ए-मोहम्मद के नाम से भेजे गए धमकी भरे ईमेल में दिल्ली के चार प्रमुख कोर्ट और दो CRPF स्कूलों को निशाना बनाया गया। सुरक्षा एजेंसियों ने तुरंत अलर्ट जारी कर कोर्ट और स्कूल परिसर को खाली कराया और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू की।
धमकी के बाद दिल्ली पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई
धमकी के बाद पुलिस ने बम स्क्वॉड और डॉग स्क्वॉड की सहायता से व्यापक जांच शुरू की। इन इलाकों की तलाशी ली गई, लेकिन कोई भी संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। जांच में आतंकवाद रोधी विभाग ने ईमेल भेजने वाले की पहचान के लिए तकनीकी सहायता ली।
भारत में सक्रिय आतंकवादी संगठन की भूमिका
ब्लॉग में जैश-ए-मोहम्मद के भारत में आतंकवादी घटनाओं में सक्रिय भूमिका और इन धमकियों के पीछे इसके मकसद की चर्चा की गई है। संगठन की रणनीति और सरकार की सुरक्षा चुनौतियों पर विस्तार से लिखा गया है।
दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत
धमकी के मद्देनजर दिल्ली प्रशासन ने कोर्ट परिसर और CRPF
स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था को बढ़ा दिया है। हालात नियंत्रण में हैं,
लेकिन हाई अलर्ट जारी रखा गया है ताकि भविष्य में संभावित खतरे को टाला जा सके।
सुरक्षा की उम्मीदें
धमकी के बाद आम जनता, कोर्ट कर्मी और स्कूलों के कर्मचारियों में चिंता है।
वे सुरक्षा के कड़े इंतजामों की अपेक्षा कर रहे हैं जबकि पुलिस लगातार सुरक्षा बढ़ा रही है।
आतंकवाद के खिलाफ सरकार की सख्ती और आगामी रणनीतियाँ
सरकार की गाइडलाइंस, आतंकवाद के खिलाफ नीतिगत कदम और
सुरक्षा एजेंसियों की नई रणनीतियों पर चर्चा। धमकी जैसी
घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं।
सामान्य जीवन में प्रभाव
धमकी के चलते कोर्ट परिसर और स्कूलों में सुरक्षा इमरजेंसी लागू हुई,
जिससे रोजमर्रा की गतिविधियों पर असर पड़ा। अधिकारियों ने स्थिति
सामान्य होने के बाद सामान्य परिचालन بحाल करने की योजना बनाई है।









