नकली आम की पहचान गर्मियों का मौसम आते ही बाजार में आमों की बहार आ जाती है। आम को फलों का राजा कहा जाता है और शायद ही कोई ऐसा व्यक्ति हो जिसे आम खाना पसंद न हो। लेकिन बढ़ती मांग के कारण कई व्यापारी आमों को जल्दी पकाने के लिए केमिकल्स का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे आम देखने में आकर्षक लग सकते हैं, लेकिन स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक साबित हो सकते हैं।
विशेषज्ञों और खाद्य सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, कई जगहों पर आमों को कृत्रिम रूप से पकाने के लिए कैल्शियम कार्बाइड जैसे हानिकारक रसायनों का उपयोग किया जाता है, जिससे स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं।
इस लेख में हम जानेंगे कि असली और प्राकृतिक रूप से पके हुए आम की पहचान कैसे करें और खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

आम की खुशबू से करें पहचान
प्राकृतिक रूप से पका हुआ आम हमेशा मीठी और ताजगी भरी खुशबू देता है। खासकर आम के डंठल वाले हिस्से के पास इसकी सुगंध अधिक महसूस होती है।
यदि आम में किसी प्रकार की खुशबू नहीं है या उसमें हल्की केमिकल जैसी गंध आ रही है, तो संभव है कि उसे कृत्रिम तरीके से पकाया गया हो। विशेषज्ञों के अनुसार प्राकृतिक आमों की सुगंध उनकी सबसे बड़ी पहचान होती है।
रंग को ध्यान से देखें!
- बहुत से लोग चमकीले पीले आम देखकर तुरंत खरीद लेते हैं, लेकिन यह हमेशा सही फैसला नहीं होता।
- प्राकृतिक रूप से पके आमों में पीले, नारंगी और हल्के हरे रंग का मिश्रण दिखाई दे सकता है।
- वहीं केमिकल से पकाए गए आम अक्सर एक समान चमकीले पीले रंग के दिखाई देते हैं।
- यदि आम का पूरा छिलका असामान्य रूप से एक जैसा पीला दिख रहा है
- तो सावधान हो जाएं। यह कृत्रिम पकाने का संकेत हो सकता है।
आम को हाथ से दबाकर जांचें!
- प्राकृतिक रूप से पका हुआ आम हल्का नरम महसूस होता है, लेकिन ज्यादा दबाने पर अंदर नहीं धंसता।
- दूसरी ओर, केमिकल से पकाए गए आम कई बार जरूरत से ज्यादा मुलायम
- या कहीं-कहीं बहुत सख्त और कहीं बहुत नरम हो सकते हैं। ऐसे आमों में स्वाद भी सामान्य नहीं होता।
- अगर आम को हल्के हाथ से दबाने पर वह बहुत ज्यादा दब जाए या उस पर निशान पड़ जाए, तो उसे खरीदने से बचें।
पानी वाला आसान टेस्ट
- घर पर आम की जांच करने के लिए पानी का टेस्ट भी किया जा सकता है।
- एक बाल्टी या बड़े बर्तन में पानी भरें और उसमें आम डालें। कई विशेषज्ञों के अनुसार प्राकृतिक
- रूप से पके आम सामान्यतः पानी में डूब जाते हैं, जबकि कृत्रिम रूप से पकाए गए
- कुछ आम तैर सकते हैं। हालांकि यह टेस्ट पूरी तरह अंतिम प्रमाण नहीं माना जाता
- लेकिन एक संकेत जरूर दे सकता है।
नकली आम की पहचान केमिकल से पके आम खाने के नुकसान
- कृत्रिम रूप से पकाए गए आमों में इस्तेमाल होने वाले कुछ रसायन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकते हैं।
- इनके सेवन से पेट दर्द, सिरदर्द, चक्कर आना, उल्टी और अन्य स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।
- खाद्य सुरक्षा विशेषज्ञ समय-समय पर ऐसे फलों से बचने की सलाह देते हैं।
आम खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान
- हमेशा विश्वसनीय दुकानदार से आम खरीदें।
- बहुत ज्यादा चमकीले और एक समान रंग वाले आमों से सावधान रहें।
- आम खरीदने से पहले उसकी खुशबू जरूर जांचें।
- बहुत ज्यादा मुलायम आम खरीदने से बचें।
- स्थानीय किसानों या विश्वसनीय स्रोतों से खरीदे गए आम बेहतर विकल्प हो सकते हैं।
आम खरीदते समय केवल उसके रंग को देखकर फैसला करना सही नहीं है। खुशबू, बनावट और रंग तीनों की जांच करने के बाद ही आम खरीदना चाहिए। प्राकृतिक रूप से पके हुए आम न केवल स्वाद में बेहतर होते हैं बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी सुरक्षित माने जाते हैं।
यदि आप इन आसान तरीकों को अपनाते हैं, तो बाजार में मिलने वाले नकली या केमिकल से पकाए गए आमों की पहचान आसानी से कर सकते हैं और अपने परिवार को स्वस्थ एवं सुरक्षित रख सकते हैं।