तिरुमाला तिरुपति पराकमणि चोरी : तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (TTD) के पराकमणि (हुंडी काउंटिंग सेंटर) से चोरी के विवादास्पद मामले में नया मोड़ आ गया है। आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट ने दिसंबर 2025 में CID और ACB को अंतरिम रिपोर्ट्स के आधार पर FIR दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। यह मामला अप्रैल 2023 का है, जब मुख्य आरोपी सीवी रवि कुमार को पराकमणि हॉल से करीब 920 अमेरिकी डॉलर चोरी करते रंगे हाथों पकड़ा गया था। पहले लोक अदालत में समझौता हो गया था, लेकिन अब हाईकोर्ट ने दोबारा जांच के बाद सख्त कदम उठाए हैं। आइए जानते हैं TTD पराकमणि चोरी केस की पूरी डिटेल्स और लेटेस्ट अपडेट्स।
#तिरुमाला तिरुपति पराकमणि चोरी मामला कैसे शुरू हुआ?
- अप्रैल 2023 में TTD के पेद्दा जीयर मठ कर्मचारी सीवी रवि कुमार को विजिलेंस ऑफिसर वाई सतीश कुमार ने पराकमणि हॉल में विदेशी मुद्रा चोरी करते पकड़ा।
- चोरी की रकम करीब 900-920 अमेरिकी डॉलर थी।
- तिरुमाला पुलिस में केस दर्ज हुआ, लेकिन जांच ठीक से नहीं हुई और मामला लोक अदालत में ट्रांसफर कर दिया गया।
- सितंबर 2023 में लोक अदालत में समझौता: रवि कुमार ने तिरुपति और चेन्नई में 7 प्रॉपर्टीज (मार्केट वैल्यू करीब 14-40 करोड़ रुपये) TTD को डोनेट करने का ऑफर दिया, जिसे स्वीकार कर लिया गया।

इस समझौते पर सवाल उठे क्योंकि मंदिर की संपत्ति से जुड़े केस में बोर्ड की मंजूरी जरूरी थी, जो नहीं ली गई।
हाईकोर्ट का हस्तक्षेप और दोबारा जांच
- तिरुपति के पत्रकार माचेरला श्रीनिवास ने हाईकोर्ट में रिट पिटिशन दाखिल की
- जिसमें केस को बिना जांच बंद करने का आरोप लगाया।
- अक्टूबर 2025 में हाईकोर्ट ने CID और ACB को दोबारा जांच का आदेश दिया।
- CID: TTD बोर्ड, अधिकारियों, जांच अधिकारी और शिकायतकर्ता की भूमिका की जांच।
- ACB: आरोपी रवि कुमार और उसके परिवार की संपत्तियों की जांच (डिस्प्रोपोर्शनेट एसेट्स)।
- 2 दिसंबर 2025 को दोनों एजेंसियों ने सील्ड कवर में अंतरिम रिपोर्ट हाईकोर्ट को सबमिट की।
- दिसंबर 2025 में हाईकोर्ट ने रिपोर्ट्स के आधार पर CID और ACB को FIR दर्ज
- कर कानूनी कार्रवाई करने, लोक अदालत समझौते की जांच करने और इनकम टैक्स-ED से जानकारी शेयर करने का निर्देश दिया।
कोर्ट ने जांच में लापरवाही को ‘गंभीर’ बताया और लोक अदालत ऑर्डर को संबंधित मजिस्ट्रेट के ACR में डालने का आदेश दिया।
विवाद के अन्य पहलू
- शिकायतकर्ता विजिलेंस ऑफिसर वाई सतीश कुमार की नवंबर 2025 में संदिग्ध मौत
- (रेलवे ट्रैक के पास बॉडी मिली) ने मामले को और उलझा दिया। कोर्ट ने इसका पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट भी मांगा।
- पूर्व TTD चेयरमैन और YSRCP नेताओं से पूछताछ हुई।
- आरोप है कि छोटी चोरी को बड़ा समझौता देकर दबाया गया, शायद बड़े घोटाले को छिपाने के लिए।
- CID और ACB अब आपस में जानकारी शेयर कर जांच आगे बढ़ाएंगी।
- यह मामला तिरुमाला मंदिर की पवित्रता और ट्रांसपेरेंसी पर बड़ा सवाल उठाता है।
- भक्तों के दान की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए TTD को और सख्त कदम उठाने पड़ सकते हैं।












