Real Account (वास्तविक खाता) – Notes

🔹 Real Account क्या होता है?

Real Account उन खातों को कहते हैं जो व्यवसाय की संपत्तियों (Assets) से जुड़े होते हैं
ये खाते हमेशा बैलेंस शीट में दिखते हैं और इनका बैलेंस एक साल से दूसरे साल में Carry Forward होता है।

मुख्य रूप से यह Non-living चीजों से संबंधित होता है।
जैसे — Cash, Furniture, Building, Machinery, Stock, Vehicles, Land आदि।


🔸 Types of Real Accounts (वास्तविक खातों के प्रकार)

Real Accounts दो प्रकार के होते हैं:

1. Tangible Real Account (दृश्य वास्तविक खाता)

वे संपत्तियाँ जिन्हें हम देख और छू सकते हैं
✔ Cash
✔ Furniture
✔ Land & Building
✔ Machinery
✔ Computers
✔ Vehicles

2. Intangible Real Account (अदृश्य वास्तविक खाता)

वे संपत्तियाँ जिन्हें हम देख या छू नहीं सकते, लेकिन उनका मूल्य होता है।
✔ Goodwill
✔ Patents
✔ Trademarks
✔ Copyright
✔ Software
✔ Brand Value


🔸 Golden Rule for Real Account

“Debit what comes in, Credit what goes out.”
(जो आए उसे Debit करो, जो जाए उसे Credit करो)


🔹 Examples of Real Account

Example 1: Furniture Purchased for Cash

Furniture comes in → Debit
Cash goes out → Credit

Journal Entry:
Furniture A/c Dr.
  To Cash A/c


Example 2: Sold Old Machinery for Cash

Cash comes in → Debit
Machinery goes out → Credit

Journal Entry:
Cash A/c Dr.
  To Machinery A/c


Example 3: Purchased Software (Intangible Real Account)

Software comes in → Debit
Cash/Bank goes out → Credit

Journal Entry:
Software A/c Dr.
  To Bank A/c


🔸 Key Characteristics of Real Accounts

✔ इनका बैलेंस साल-दर-साल Carry Forward होता है।
✔ ये व्यवसाय की संपत्तियों को दर्शाते हैं।
✔ ये Tangible या Intangible दोनों हो सकते हैं।
✔ Real Accounts हमेशा बैलेंस शीट में दिखते हैं
✔ इन पर Depreciation (घटती मूल्य) लागू हो सकता है (जैसे Machinery, Furniture)।
✔ इनका डायरेक्ट संबंध Cash/Bank से होता है।


🔹 Summary (सारांश)

Topic Summary
Real Account Asset से संबंधित खाते
Types Tangible & Intangible
Golden Rule Debit what comes in, Credit what goes out
Examples Cash, Furniture, Land, Machinery, Software, Goodwill
Features Carry Forward होते हैं, Balance Sheet में आते हैं

एक लाइन में याद रखें:
👉 Real Account = Business की सारी संपत्तियाँ (Assets)


 Real Account को एक आसान और याद रहने वाली कहानी (Story) के माध्यम से समझाया गया है 👇


⭐ Real Account की कहानी – रवि की जादुई दुकान

एक बार की बात है, रवि नाम का एक युवक था जिसकी एक जादुई सामानों की दुकान थी।
रवि की दुकान में हर वो चीज़ थी जिससे व्यापार चलता है —
जैसे Cash, Furniture, Computer, Machinery, Building, Software, Goodwill आदि।

रवि ने अकाउंटिंग सीखने के लिए एक गुरुजी से मदद ली। गुरुजी ने कहा:


🌟 गुरुजी बोले: तुम्हारी दुकान की हर चीज़ Real Account है।

क्यों?
क्योंकि ये सभी संपत्तियाँ (Assets) हैं और ये साल दर साल तुम्हारी दुकान में रहती हैं।
न कोई बात करता है, न हिलता-डुलता— सब Non-living चीजें।
परंतु हर चीज़ का एक “मूल्य (Value)” होता है।


📘 कहानी से Golden Rule समझें

एक दिन रवि की दुकान में सामान का आना-जाना शुरू हुआ…


1️⃣ Furniture आया — Debit

एक बढ़ई रवि के लिए एक नई लकड़ी की टेबल लेकर आया।
गुरुजी बोले:

👉 “रवि, ध्यान रखना — जो चीज़ दुकान में आती है वह Debit होती है।

Furniture आया Debit


2️⃣ Cash गया — Credit

टेबल के बदले रवि ने बढ़ई को पैसे दिए।
गुरुजी मुस्कुराए:

👉 “और जो चीज़ दुकान से जाती है, वह Credit होती है।

Cash गया Credit


3️पुरानी मशीनरी बाहर गई — Credit

कुछ दिन बाद रवि ने अपनी पुरानी Machine बेच दी क्योंकि नई आ चुकी थी।

गुरुजी बोले:
“पुरानी मशीन दुकान से जाएगी, तो इसे Credit करना होगा।”


4️⃣ Cash आया — Debit

मशीन बेचने पर पैसा आया।
तो गुरुजी ने याद दिलाया:

“जो आए → Debit”


🌈 कहानी का असली मंत्र (Golden Rule)

गुरुजी ने रवि को एक लाइन याद करवा दी:

✨ “जो आए उसको Debit, जो जाए उसको Credit

और यही Real Account का Golden Rule है।


🧠 कहानी से Types भी समझें

रवि की दुकान में दो तरह की चीजें थीं:


A. Tangible Real Account (दिखने-छूने वाली संपत्ति)

✔ Cash
✔ Furniture
✔ Building
✔ Machinery
✔ Computer
✔ Vehicle

(रवि इन्हें हाथ से छू सकता है)


B. Intangible Real Account (न दिखने-न छूने वाली संपत्ति)

✔ Software
✔ Goodwill (दुकान की Reputation)
✔ Patents
✔ Copyright

(रवि इन्हें छू नहीं सकता, लेकिन इनकी कीमत होती है)


कहानी का सार (Summary)

चीज़ मतलब
Real Account रवि की दुकान की सभी संपत्तियाँ
Rule जो आए उसे Debit, जो जाए उसे Credit
Types Tangible & Intangible
साल-दर-साल चलता है इनका Balance अगले साल भी Carry होता है