Cyclone Montha Update“चक्रवात मोंथा ने भारत के तटीय राज्यों में मौसम में अचानक बदलाव ला दिया है। IMD ने आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना, तमिलनाडु जैसे राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है। जानिए मोंथा की ताजा स्थिति, प्रभावित क्षेत्र और बचाव के उपाय।”
चक्रवात “मोंथा” ने भारतीय तटीय इलाकों में अचानक मौसम में बदलाव ला दिया है और इससे कई राज्यों में अलर्ट जारी किया गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मोंथा को लेकर ताजा अपडेट दिए हैं, जिसमें भारी बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। कई राज्यों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी कर जनता को सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है। आइए जानते हैं मोंथा के असर और प्रभावित राज्यों की स्थिति पर विस्तार से।
चक्रवात मोंथा अपडेट 2025: मौसम ने लिया नया रूख, इन राज्यों में अलर्ट जारी

चक्रवात मोंथा, जो बंगाल की खाड़ी में गंभीर चक्रवात के रूप में तेज हो रहा था, ने अब अरब सागर की ओर रुख मोड़ लिया है। भारतीय समुद्री तटों पर आने वाले इस तूफान ने खासकर आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं का खतरा बढ़ा दिया है। IMD ने कहा है कि मोंथा अब एक सेवर साइकलोनिक स्टॉर्म से कमजोर होकर एक साइकलोनिक स्टॉर्म में तब्दील हो गया है, लेकिन बारिश और तेज हवा का प्रभाव अगले कुछ दिनों तक जारी रहेगा।
प्रभावित राज्यों में जारी अलर्ट
- आंध्र प्रदेश: मोंथा का सबसे ज्यादा असर आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों पर पड़ा। Machilipatnam और Kakinada के बीच तूफान का लैंडफॉल हुआ। 19 जिलों में रेड अलर्ट, भारी बारिश के साथ समुद्र में उफान की चेतावनी जारी। सरकारी एजेंसियां राहत और बचाव के कार्य में लगी हैं।
- ओडिशा: राज्य के पुरी, गंजाम, जगतसिंहपुर और केंद्रपाड़ा जिलों में भारी बारिश और तेज़ हवाओं के कारण अलर्ट जारी। मोंथा के चलते मछुआरों को समुद्र में जाने से रोका गया है।
- तेलंगाना और तेलंगाना के पूर्वी जिलों में भी IMD ने भारी बारिश की संभावना जताई है, कई जिलों में रेड, ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी कर दिया गया है।
- तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में भी बारिश और तूफानी हवाओं से सावधानी बरतने को कहा गया है।
मौसम में बदलाव के कारण
- IMD ने बताया है कि मोंथा का तूफान अब कमजोर होकर गहरे दबाव के क्षेत्र में तब्दील हो रहा है
- जिससे भारी बारिश के साथ-बैठा हुआ बारिश भी जारी रह सकता है।
- इससे कई राज्यों में जल जमा होने व बाढ़ की स्थिति बन सकती है।
सावधानी और बचाव कदम
- संबंधित राज्य सरकारें और केंद्र की एजेंसियां लोगों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित कर रही हैं।
- National Disaster Response Force (NDRF) और State Disaster Response Force (SDRF)
- टीमों को तैनात कर बचाव कार्य तेज किया गया है। नागरिकों को अलर्ट संदेश और मौसम अपडेट्स
- नियमित भेजे जा रहे हैं। मछुआरों को समुद्र में न जाने की सख्त चेतावनी दी गई है।
मोंथा के बाद के मौसम की स्थिति
- चक्रवात मोंथा के कमजोर होने के बाद भी अगले दो-तीन दिनों तक भारी बारिश और
- तेज हवाओं का प्रभाव जारी रहेगा। कई इलाकों में पानी भराव व जलजमाव की स्थिति बने रहने की संभावना है।
- मौसम विभाग ने आगामी 1 नवंबर तक सतर्क रहने की सलाह दी है।
- चक्रवात मोंथा ने भारत के तटीय इलाकों खासकर आंध्र प्रदेश और ओडिशा में भारी तबाही मचाई है
- लेकिन समय रहते अलर्ट जारी करने से नुकसान को कम करने की कोशिश की जा रही है।
- लोगों को मौसम विभाग के अलर्ट और निर्देशों का कड़ाई से पालन करना चाहिए। भविष्य में इस तरह के
- चक्रवातों से बचाव के लिए बेहतर तैयारी और आपदा प्रबंधन बेहद आवश्यक है।












