बैंक ऑफ जापान : 19 दिसंबर 2025 जापान के केंद्रीय बैंक बैंक ऑफ जापान (BOJ) ने अपनी बेंचमार्क ब्याज दर को 0.25% बढ़ाकर 0.75% कर दिया है। यह 1995 के बाद का सबसे ऊंचा स्तर है और दशकों की अल्ट्रा-लूज मॉनेटरी पॉलिसी से बाहर निकलने की दिशा में एक बड़ा कदम है। BOJ गवर्नर काजुओ उएदा की अगुवाई में यह फैसला सर्वसम्मति से लिया गया। बैंक ने संकेत दिया कि अगर अर्थव्यवस्था और मुद्रास्फीति की स्थिति अनुमान के अनुरूप रही तो आगे और दरें बढ़ाई जाएंगी। आइए जानते हैं इस BOJ रेट हाइक के पीछे के कारण, प्रभाव और वैश्विक संदर्भ।
बैंक ऑफ जापान BOJ ने ब्याज दर क्यों बढ़ाई?
BOJ का मुख्य लक्ष्य 2% मुद्रास्फीति को स्थायी रूप से हासिल करना है। नवंबर 2025 में कोर इन्फ्लेशन 3% पर बना रहा, जो लगातार 44 महीनों से 2% टारगेट से ऊपर है। मुख्य कारण:

- मजबूत वेज ग्रोथ: जापान में मजदूरी बढ़ोतरी का सिलसिला जारी है। लेबर यूनियंस ने अगले साल भी बड़े वेज हाइक की मांग रखी है, जो पिछले साल की तरह ऐतिहासिक हो सकती है। इससे वेज-प्राइस स्पाइरल बन रहा है, जो मुद्रास्फीति को सपोर्ट कर रहा है।
- येन की कमजोरी: येन डॉलर के मुकाबले कमजोर हुआ, जो पिछले महीने 160 के करीब पहुंच गया। इससे आयात महंगा हुआ और मुद्रास्फीति बढ़ी।
- अंडरलाइंग इन्फ्लेशन बढ़ रही: BOJ का कहना है कि अस्थायी फैक्टर्स हटाने के बाद भी मुद्रास्फीति मॉडरेटली बढ़ रही है।
- यह हाइक जनवरी 2025 के बाद पहला है, जब दर 0.5% की गई थी। BOJ ने पिछले साल नेगेटिव
- रेट्स और बड़े स्टिमुलस को खत्म किया था। अब रेट्स को न्यूट्रल लेवल (1-2.5%) की ओर ले जाया जा रहा है।
मार्केट रिएक्शन: येन कमजोर, बॉन्ड यील्ड ऊपर
फैसले के बाद मार्केट की प्रतिक्रिया मिक्स्ड रही:
- येन कमजोर: शुरुआत में 0.4% गिरकर 156.16 पर गया, क्योंकि निवेशक और हॉकिश स्टेटमेंट की उम्मीद कर रहे थे। बाद में स्थिर हुआ।
- बॉन्ड यील्ड बढ़ी: 10-ईयर JGB यील्ड 2006 के बाद पहली बार 2% के ऊपर चली गई।
- स्टॉक मार्केट: निक्केई 225 में ज्यादा बदलाव नहीं, पहले के गेन को होल्ड किया।
- विशेषज्ञों का कहना है कि हाइक पहले से प्राइस्ड-इन था, इसलिए बड़ा सरप्राइज नहीं।
- लेकिन आगे हाइक्स (शायद हर 6 महीने में) की संभावना से येन पर प्रेशर कम हो सकता है।
वैश्विक संदर्भ: BOJ अकेला बढ़ा रहा रेट्स
दुनिया के ज्यादातर सेंट्रल बैंक रेट्स कट कर रहे हैं:
- फेडरल रिजर्व ने इस साल तीसरी बार कट किया।
- BOJ इस साल रेट्स बढ़ाने वाला इकलौता बड़ा सेंट्रल बैंक है।
- US-Japan रेट गैप इस साल 125 बेसिस पॉइंट्स कम हुआ।
जापान की नई प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची ने पहले रेट हाइक का विरोध किया था, लेकिन येन की कमजोरी और इन्फ्लेशन प्रेशर के कारण सरकार ने BOJ को सपोर्ट दिया। ट्रंप के टैरिफ्स का जापानी अर्थव्यवस्था पर ज्यादा नेगेटिव प्रभाव नहीं पड़ा, जिससे BOJ को कॉन्फिडेंस मिला।
आगे क्या? BOJ की फ्यूचर गाइडेंस
BOJ ने साफ कहा कि अगर इकोनॉमिक आउटलुक रियलाइज हुआ तो रेट्स और बढ़ाएंगे। विशेषज्ञ अनुमान:
- 2026 में एक या दो हाइक्स, टर्मिनल रेट 1-1.5% तक।
- न्यूट्रल रेट तक पहुंचने में समय लगेगा।
यह जापान के लिए पॉलिसी नॉर्मलाइजेशन का नया चैप्टर है, जो डिफ्लेशन के दशकों से बाहर निकलने का संकेत है।
जापानी अर्थव्यवस्था के लिए पॉजिटिव सिग्नल?
BOJ रेट हाइक दिसंबर 2025 मुद्रास्फीति को कंट्रोल करने और येन को सपोर्ट करने का मजबूत कदम है। इससे जापान की अर्थव्यवस्था मजबूत हो सकती है, लेकिन ज्यादा हाइक्स से ग्रोथ पर प्रेशर भी पड़ सकता है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स के लिए यह येन और जापानी एसेट्स में बदलाव का संकेत है। अगर आप जापान इकोनॉमी, येन या ग्लोबल मार्केट्स पर नजर रखते हैं, तो यह न्यूज महत्वपूर्ण है।








